नई दिल्ली, एजेंसी। भारतीय टीम तीसरे क्वार्टर में पिछड़ गई और फिर अंत तक वापसी नहीं कर सकी। भारतीय पुरुष हॉकी टीम को एफआईएच हॉकी विश्व कप के अपने दूसरे मैच में इंग्लैंड से 2-4 से हार का सामना करना पड़ा। भारत ने पूल डी में अपने अभियान की शुरुआत वेल्स पर जीत के साथ की थी, लेकिन अगले इंग्लैंड के खिलाफ वह यह लय बरकरार नहीं रख सका। इस तरह भारतीय पुरुष टीम इंग्लैंड के खिलाफ विश्व कप में 32 साल का सूखा समाप्त नहीं कर सकी। मालूम हो कि भारत ने आखिरी बार विश्व कप में इंग्लैंड को 1994 में हराया था। इंग्लैंड के लिए निकोलस बैंडुरा ने 13वें और 54वें मिनट में गोल किया, जबकि स्टुअर्ट रशमेरे (38वें) और हेनरी क्रॉर्फ्ट ने 42वें मिनट में गोल दागे। भारत की ओर से कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने 16वें और दिलप्रीत सिंह ने 24वें मिनट में गोल किए। इस मैच के बाद भारत पूल डी में भारत दूसरे स्थान पर है। इस हार से उसके टूर्नामेंट में आगे बढ़ने की संभावनाओं को झटका लगा है। भारत दो मैचों में एक जीत और एक हार के साथ तीन अंक लेकर दूसरे स्थान पर है। वहीं, इंग्लैंड ने अपने शुरुआती दोनों मैच जीते हैं और वह छह अंक लेकर शीर्ष पर है। भारत का सामना अब 19 अगस्त को पाकिस्तान से होना है। भारत को अपनी उम्मीदें बरकरार रखने के लिए पाकिस्तान को बड़े अंतर से हराना होगा। पहले क्वार्टर में इंग्लैंड ने दमदार प्रदर्शन किया। भारत के पास भी गोल करने के मौके आए, लेकिन टीम इन मौकों को भुना नहीं सकी। इसी दौरान सुमित को ग्रीन कार्ड मिला और उन्हें दो मिनट के लिए मैदान से बाहर जाना पड़ा। इस तरह पहले हाफ के अंतिम मिनटों में भारत को 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा। इसका फायदा इंग्लैंड ने उठाया और गोल दागकर बढ़त हासिल कर ली। इंग्लैंड के लिए निकोलस बैंडुरा ने गोल दागा।





