कोलंबो। कोच गैरी कर्स्टन श्रीलंकाई टीम को फिर से टेस्ट टीम के तौर पर स्थापित करने की कोशिश में जुटे हैं और उन्हें ऐसा करने के लिए लंका का सुपरमैन मिल गया है। छठे नंबर पर खेलने वाले 25 वर्षीय बाएं हाथ के बल्लेबाज सोनल दिनुशा ने भारत के विरुद्ध दो मैचों की टेस्ट सीरीज की चार पारियों में तीन शतक और एक अर्धशतक की बदौलत दुनिया को दिखा दिया है कि वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कुछ बड़ा करने आए हैं।खास बात यह है कि वह छठे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरते हैं और ऐसे में उन्हें अधिकतर समय निचले क्रम के बल्लेबाजों के साथ बल्लेबाजी करनी होती है लेकिन चारों पारियों में उन्होंने दिखाया कि अगर दिल में जज्बा हो तो यह भी किया जा सकता है। अत्याधिक दबाव और पैरों में ऐंठन के बावजूद वह पूरे दिन बल्लेबाजी करने में कामयाब रहे जिस पर श्रीलंकाई टीम को गर्व होगा।गॉल में एक शतक और एक पचासा मारने वाले दिनुशा ने कोलंबो के सिंहलीज स्पोर्ट्स क्लब स्टेडियम में दोनों पारियों में शतक मारे जिसके कारण भारतीय टीम को लगातार दो पारियों में 243.4 ओवर डालने को मजबूर होना पड़ा। दिनुशा ने दूसरी पारी में 264 और मैच में कुल 426 गेंदों तक बल्लेबाजी की।गॉल में 100 और 84 रनों की पारी खेलने वाले इस बल्लेबाज ने यहां पहली पारी में 103 रन बनाने के बाद दूसरी पारी में शांत मन से नाबाद 133 रन बनाए। यह उनका सर्वश्रेष्ठ टेस्ट स्कोर है। श्रीलंका के लिए तीसरी टेस्ट सीरीज और सिर्फ पांच टेस्ट खेलने वाले दिनुशा ने अपनी बल्लेबाजी का ऐसा प्रदर्शन दिया जिससे पता चलता है कि उन्होंने खेल की बारीकियों पर पूरा काम किया है। यहां दूसरी पारी में उन्होंने भारतीय गेंदबाजों को आउट करने का हाफ चांस भी नहीं दिया।





