नई दिल्ली, एजेंसी। किच्छा में सरकारी धान खरीद केंद्र पर बृहस्पतिवार को तौल को लेकर हुए हंगामे में संभागीय विपणन अधिकारी लता मिश्रा के हस्तक्षेप के बावजूद धान खरीद शुरू नहीं हो सकी है। इससे किसानों का गुस्सा शुक्रवार को फिर फूट पड़ा और मंडी में किसानों का धरना फिर से प्रारंभ हो गया। किसान देर शाम तक धरने पर बैठे रहे, उसके बाद शनिवार सुबह फिर से धरने पर बैठने का ऐलान करते हुए वह अपने घरों को चले गए।मंडी में शुक्रवार को ग्रामीण क्षेत्रों से धान लेकर आने वाले किसानों के चेहरे बुझे और थके दिखे। किसान नेता संतोख सिंह ने बताया कि अधिकारियों के साथ किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल रुद्रपुर में एडीएम पंकज उपाध्याय से मिला। उन्होंने देर रात कई दौर की वार्ताओं के बाद आश्वस्त किया कि शुक्रवार सुबह चावल मिल मालिक धान खरीद लेंगे। इसके बावजूद शुक्रवार को किसान चावल मिलों से अपनी फसल वापस ले आए क्योंकि मिल मालिकों का कहना है कि वह साफ सुथरी धान लेंगे।





