देहरादून | जी.डी. गोयनका पब्लिक स्कूल, देहरादून में उत्तराखण्ड की समृद्ध लोक संस्कृति एवं पर्यावरण संरक्षण की भावना को समर्पित हरेला-2026 का आयोजन “द गोयनकन ग्रीन लेगेसी: फ्रॉम रूट्स टू रिस्पॉन्सिबिलिटी” थीम के अंतर्गत अत्यंत उत्साह एवं गरिमापूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुआ।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि देश के प्रख्यात पर्यावरणविद्, पद्मश्री एवं पद्म भूषण डॉ. अनिल प्रकाश जोशी थे। इस अवसर पर विद्यालय के चेयरमैन, बोर्ड सदस्यगण, निदेशक-प्रधानाचार्य डॉ. सुबोध थपलियाल, उप-प्रधानाचार्या, अभिभावकगण, शिक्षक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।कार्यक्रम का शुभारम्भ दीप प्रज्वलन, गणेश वंदना एवं पारंपरिक हरेला गीत के साथ हुआ। मुख्य अतिथि का शॉल, स्मृति-चिह्न एवं विद्यालय के छात्र द्वारा निर्मित कलाकृति भेंट कर सम्मान किया गया। अपने प्रेरक उद्बोधन में डॉ. अनिल प्रकाश जोशी ने विद्यार्थियों से प्रकृति संरक्षण को केवल अभियान नहीं, बल्कि जीवनशैली बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि पर्यावरण के प्रति प्रत्येक व्यक्ति की छोटी-छोटी जिम्मेदारियाँ ही भविष्य को सुरक्षित और समृद्ध बना सकती हैं। वहीं निदेशक-प्रधानाचार्य डॉ. सुबोध थपलियाल ने विद्यार्थियों को सतत विकास, पर्यावरणीय उत्तरदायित्व तथा प्रकृति के साथ संतुलित जीवन जीने की प्रेरणा दी।
समारोह का एक विशेष आकर्षण विद्यालय की प्रतिभाशाली छात्रा सानवीराणोत का सम्मान रहा। उन्होंने फीबा अंडर-18 वूमेन्स एशिया कप – साबाक्वालिफायर्स 2026 में टीम इंडिया का प्रतिनिधित्व करते हुए स्वर्ण पदक अर्जित कर विद्यालय, उत्तराखण्ड तथा देश का गौरव बढ़ाया। विद्यालय परिवार ने उनकी इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें सम्मानित किया।
कार्यक्रम का समापन विद्यालय परिसर में आयोजित वृहद वृक्षारोपण अभियान के साथ हुआ। इस अवसर पर विद्यालय की पर्यावरणीयपहलों—”वन क्लास–वन प्लांट”, “वन चाइल्ड–वन प्लांट: एक पेड़ माँ के नाम” तथा “वन स्कूल–वन ग्रीन लेगेसी”—के माध्यम से विद्यार्थियों एवं उपस्थित सभी अतिथियों ने हरित, स्वच्छ एवं सतत भविष्य के निर्माण का सामूहिक संकल्प लिया।
यह आयोजन केवल एक सांस्कृतिक उत्सव नहीं, बल्कि प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक उत्तरदायित्व का सशक्त संदेश देने वाला प्रेरणादायी प्रयास सिद्ध हुआ।





