नई दिल्ली, एजेंसी। पेट्रोलियम मंत्रालय का कहना है कि एलपीजी की स्थिति अब भी चिंताजनक बनी हुई है, लेकिन देश में कोई भी पेट्रोल पंप ड्राई नहीं है। उपलब्ध एलपीजी की डिलिवरी सामान्य तरीके से हो रही है। पैनिक बुकिंग में कमी आई है और रोजाना होने वाली बुकिंग की संख्या 88 लाख से घटकर 50 लाख पर आ गई है।एलपीजी को लेकर अच्छी खबर यह भी है कि 92,000 टन एलपीजी से लदे दो भारतीय जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य को पार कर चुके हैं। पिछले सप्ताह भी दो जहाज एलपीजी लेकर पहुंचे थे।कमर्शियल एलपीजी की आपूर्ति बढ़ी पेट्रोलियम मंत्रालय ने कमर्शियल एलपीजी की आपूर्ति को बढ़ाकर 50 प्रतिशत तक कर दिया है। कमर्शियल एलपीजी की सप्लाई बढ़ने से कैंटीन, ढाबा, रेस्टोरेंट का संचालन फिर से शुरू हो पाएगा। प्रवासी श्रमिकों के लिए पांच किलोग्राम के सिलिंडर राज्य सरकार को दिए जा रहे हैं। घरेलू स्तर पर एलपीजी के उत्पादन में लगातार बढ़ोतरी हो रही है और जरूरत की 50 से 60 प्रतिशत आपूर्ति घरेलू स्तर से हो रही है।पेट्रोलियम मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बताया कि 14 किलोग्राम के एलपीजी सिलिंडर को 10 किलोग्राम करने की फिलहाल कोई योजना नहीं है। उन्होंने कहा कि एलपीजी से जुड़ी किसी भी अफवाह पर ध्यान नहीं दें। लोगों को एलपीजी से पीएनजी पर शिफ्ट होने के लिए लगातार प्रोत्साहित किया जा रहा है।
कालाबाजारी करने वालों को भेजा नोटिस
मार्च के दौरान पीएनजी के साढ़े तीन लाख घरेलू व कमर्शियल कनेक्शन दिए गए हैं। एलपीजी सिलिंडर की सप्लाई में गड़बड़ी करने वाले 234 वितरकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है और उन पर जुर्माने भी लगाए जा रहे हैं। गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए देशभर में 37,000 छापेमारी की गई है। 550 से ज्यादा एफआइआर दर्ज की गई है तो 150 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।





