लखनऊ : अयोध्या के राजर्षि दशरथ मेडिकल कॉलेज परिसर में एक्सरे टेक्नीशियन के एक छात्र के पास बम बनाने की विधि से जुड़ी हस्तलिखित पर्ची मिलने से सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गईं। पुलिस ने छात्र को हिरासत में लेकर उसका मोबाइल, लैपटॉप जब्त किया है। उसके किराये के कमरे को सील कर दिया गया है। हालांकि, शुरुआती जांच में उसके किसी संदिग्ध संगठन या गतिविधि से जुड़े होने के साक्ष्य नहीं मिले हैं।अयोध्या में मेडिकल कॉलेज परिसर में बलरामपुर निवासी पैरामेडिकल छात्र के पास बम बनाने की विधि से संबंधित हस्तलिखित परची मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। सूत्रों के अनुसार, छात्र के मोबाइल फोन में बम बनाने और ब्लास्ट करने संबंधी इंस्टाग्राम की तमाम रील मिली हैं। यही नहीं इंटरनेट सर्च हिस्ट्री में भी इससे जुड़ी चीजें, यहां तक कि विस्फोट करने के तरीके भी खोजे गए। जांच एजेंसी टेरर एंगल पर तफ्तीश कर रही है।
मोबाइल फोन को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।सूत्रों के मुताबिक, जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि छात्र ने यह जानकारी केवल इंटरनेट पर खोजी थी या इसके पीछे किसी बड़ी साजिश अथवा संगठित नेटवर्क से जुड़ाव तो नहीं है। फोरेंसिक जांच के लिए मोबाइल और अन्य डिजिटल उपकरणों का परीक्षण कराया जा रहा है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि संदिग्ध सामग्री किस स्रोत से प्राप्त की गई और उसका उद्देश्य क्या था। सुरक्षा एजेंसियों ने मेडिकल कॉलेज परिसर में छात्र की गतिविधियों के साथ साथ उसके संपर्क में रहे लोगों की जानकारी भी जुटानी शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल मामला जांच के प्रारंभिक चरण में है।
डिजिटल साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और पूछताछ के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।जांच का एक महत्वपूर्ण पहलू छात्र की सोशल मीडिया गतिविधियां भी हैं। एजेंसियां उसके सोशल मीडिया अकाउंट, चैट, डिजिटल संपर्कों और ऑनलाइन गतिविधियों की गहन पड़ताल कर रही हैं। मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने सुबह करीब 10:30 बजे पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने कॉलेज के पास किराये के कमरे से छात्र को हिरासत में ले लिया। सूचना मिलते ही एटीएस, आईबी, मिलिट्री इंटेलिजेंस और एलआईयू समेत कई एजेंसियां सक्रिय हो गईं। देर शाम तक छात्र से पूछताछ की जाती रही।





